LIVE

केंद्रीय संचार मंत्री श्री ज्योतिरादित्य एम. सिंधिया और मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने संयुक्त रूप से मुंबई में निवेशक और रणनीतिक गोलमेज बैठकों की अध्यक्षता की; इस दौरान भारत के पहले टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग जोन (टीएमजेड) को बढ़ावा देने और निवेश के अवसरों को बढ़ाने पर मुख्य रूप से चर्चा की गई


केंद्रीय संचार मंत्री श्री ज्योतिरादित्य एम. सिंधिया ने कहा, टीएमजेड वैश्विक दूरसंचार विनिर्माण मानचित्र पर भारत की स्थिति को मजबूत करेगा

ग्वालियर में भारत का अपनी तरह का पहला दूरसंचार विनिर्माण क्षेत्र प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के आत्मनिर्भर भारत के दृष्टिकोण को आगे बढ़ाएगा

डीओटी और सीओएआई की ओर से भारत के दूरसंचार क्षेत्र में  कम्युनिकेशन टेक्नोलॉजी, मोबाइल नेटवर्क और डिजिटल डेटा के इस्तेमाल में बड़े बदलावों का लाभ उठाने और दूरसंचार विनिर्माण क्षेत्र को बढ़ावा देने पर निवेशक गोलमेज सम्मेलन और रणनीतिक गोलमेज सम्मेलन का आयोजन किया गया

भारत सरकार के संचार मंत्रालय के दूरसंचार विभाग (डीओटी) ने सेल्युलर ऑपरेटर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया (सीओएआई) के सहयोग से मध्य प्रदेश के ग्वालियर में प्रस्तावित दूरसंचार विनिर्माण क्षेत्र (टीएमजेड) को आगे बढ़ाने के लिए आज मुंबई में इंडस्ट्री से जुड़ी दो अहम बैठकों का आयोजन किया। केंद्रीय संचार एवं पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्री ज्योतिरादित्य एम. सिंधिया और मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इन दोनों कार्यक्रमों की संयुक्त रूप से अध्यक्षता की। इस मौके पर दूरसंचार विभाग के सचिव श्री अमित अग्रवाल भी मौजूद थे। ये दोनों बैठकें ग्वालियर में भारत के अपनी तरह के पहले दूरसंचार विनिर्माण क्षेत्र (टीएमजेड) को बढ़ावा देने की दिशा में एक अहम पड़ाव हैं। इससे दूरसंचार क्षेत्र में प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के ‘आत्मनिर्भर भारत’ के दृष्टिकोण को आगे बढ़ाने में मदद मिलेगी।

https://static.pib.gov.in/WriteReadData/userfiles/image/image001YP04.jpg

पहली बैठक एक निवेशक गोलमेज सम्मेलन था, जिसका मकसद ग्वालियर में प्रस्तावित दूरसंचार विनिर्माण क्षेत्र (टीएमजेड) में  निवेश आकर्षित करना और अधिक से अधिक उद्योग जगत की भागीदारी सुनिश्चित करना था। निवेशक गोलमेज सम्मेलन में क्वालकॉम, एनटीटी डेटा, जियो और अन्य प्रमुख कंपनियों सहित प्रमुख दूरसंचार और इलेक्ट्रॉनिक्स कंपनियों ने भाग लिया। इस दौरान चर्चा में टीएमजेड की निवेश क्षमता, घरेलू विनिर्माण क्षमताओं को मजबूत करने, निर्यात को बढ़ावा देने, आयात निर्भरता को कम करने और वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी दूरसंचार और इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण पारिस्थितिकी तंत्र बनाने पर ध्यान केंद्रित किया गया।

WhatsApp Image 2026-08-04 at 21.18.58

इस मौके पर केंद्रीय संचार और पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्री श्री ज्योतिरादित्य एम. सिंधिया ने कहा कि भारत को अब सेवाओं पर आधारित देश से उत्पादों पर आधारित देश बनने की ओर बढ़ना होगा। इस बदलाव को हासिल करने के लिए हमें तीन-तरफ़ा रणनीति अपनानी होगी: घरेलू मूल्यवर्धन को बढ़ाना, भारत में बौद्धिक संपदा का निर्माण करना और भारतीय-डिजाइन और भारतीय-निर्मित दूरसंचार उत्पादों को दुनिया के हर कोने तक पहुंचने में सक्षम बनाना होगा।

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि मैं इस परियोजना में शामिल सभी अधिकारियों को धन्यवाद देना चाहता हूं। यह महत्वपूर्ण परियोजना दूरसंचार के क्षेत्र में मध्य प्रदेश सरकार और केंद्र सरकार के बीच एक संयुक्त प्रयास है। मध्य प्रदेश विशेष रूप से विनिर्माण से संबंधित उद्योग लगाने के लिए सबसे पसंदीदा जगह बनकर उभरा है। इसे ध्यान में रखते हुए मैं आप सभी को मध्य प्रदेश में आने और निवेश करने के लिए आमंत्रित करना चाहता हूं।

दूरसंचार विभाग के सचिव श्री अमित अग्रवाल ने इस बात पर प्रकाश डाला कि दूरसंचार विनिर्माण क्षेत्र (टीएमजेड) एक अनूठी और अपनी तरह की पहली सुविधा है, जिसकी परिकल्पना मध्य प्रदेश सरकार और केंद्रीय संचार मंत्रालय द्वारा संयुक्त रूप से की गई है। टीएमजेड भारत में बौद्धिक संपदा के जरिए गहन मूल्यवर्धन का निर्माण करेगा और प्रधानमंत्री की परिकल्पना ‘मेक इन इंडिया फॉर इंडिया एंड द वर्ल्ड’ से भारत को वैश्विक आपूर्ति शृंखला का हिस्सा बनने में मदद मिलेगी।

https://static.pib.gov.in/WriteReadData/userfiles/image/image0030LOM.jpg

दिल्ली में आयोजित पहले गोलमेज सम्मेलन में दूरसंचार विनिर्माण क्षेत्र के लिए उद्योग जगत की ओर से 3,500 करोड़ रुपये के निवेश और 14,000 रोजगार के अवसरों का सृजन करने का आश्वासन दिया गया था।

मुंबई में निवेशक गोलमेज सम्मेलन के समापन पर भाग लेने वाली कंपनियों ने 2,000 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश की प्रतिबद्धता जताई, जिससे दूरसंचार विनिर्माण क्षेत्र (टीएमजेड) के तहत 4,000 से अधिक रोजगार के अवसर सृजित होने की उम्मीद है। कुल मिलाकर दूरसंचार विनिर्माण क्षेत्र (टीएमजेड) के लिए उद्योग जगत की ओर से 5500 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश और 18,000 से अधिक रोजगार के अवसरों की प्रतिबद्धता जताई गई।

क्वालकॉम, एरिक्सन और नोकिया सहित आठ वैश्विक तकनीकी दिग्गज कंपनियों के साथ-साथ टीसीएस और टेक महिंद्रा जैसी प्रमुख आईटी कंपनियों ने दूरसंचार विनिर्माण क्षेत्र (टीएमजेड) को निवेश गंतव्य के रूप में देखने और वहां ग्लोबल सर्विस सपोर्ट और डिवेलपमेंट सेंटर स्थापित करने में दिलचस्पी दिखाई।

भारती एयरटेल, रिलायंस जियो और वोडाफोन आइडिया तीनों निजी दूरसंचार सेवा प्रदान करने वाली कंपनियों ने मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और केंद्रीय संचार मंत्री श्री ज्योतिरादित्य एम. सिंधिया की पहल और नेतृत्व की सराहना की। उन्होंने यह भी भरोसा दिलाया कि वे ग्वालियर में टीएमजेड के भीतर आपूर्ति शृंखला और विनिर्माण सुविधाओं की स्थापना के अवसरों का पता लगाने के लिए अपने वेंडर इकोसिस्टम को प्रोत्साहित करेंगे।

दूसरा कार्यक्रम ‘भारत के दूरसंचार दशक का लाभ उठाने और दूरसंचार विनिर्माण क्षेत्र को बढ़ावा देने’ पर एक रणनीतिक गोलमेज सम्मेलन था। रणनीतिक गोलमेज सम्मेलन में दूरसंचार उद्योग के प्रमुख भागीदारों ने भारत के दूरसंचार विकास के अगले चरण, घरेलू विनिर्माण क्षमताओं को मजबूत करने और वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी दूरसंचार पारिस्थितिकी तंत्र बनाने पर विचार-विमर्श किया। केंद्रीय मंत्री श्री ज्योतिरादित्य एम. सिंधिया ने भारतीय स्टार्टअप और टेक इकोसिस्टम को बढ़ावा देने में निवेशकों की भूमिका की सराहना की। उन्होंने निवेशकों को 7 से 10 अक्टूबर 2026 तक नई दिल्ली के यशोभूमि में आयोजित होने वाली इंडिया मोबाइल कांग्रेस में आमंत्रित किया। इस चर्चा में मध्य प्रदेश के ग्वालियर में प्रस्तावित दूरसंचार विनिर्माण क्षेत्र (टीएमजेड) में अधिक से अधिक उद्योग भागीदारी और निवेश के अवसरों की पहचान करने पर भी ध्यान केंद्रित किया गया।

https://static.pib.gov.in/WriteReadData/userfiles/image/image0042A59.jpg

यह गोलमेज सम्मेलन ग्वालियर में भारत के पहले एकीकृत दूरसंचार विनिर्माण क्षेत्र (टीएमजेड) की स्थापना के लिए दूरसंचार विभाग और मध्य प्रदेश सरकार के बीच 30 जुलाई 2026 को हुए समझौता ज्ञापन (एमओयू) के सिलसिले में आयोजित किया गया था। इस एमओयू में 170 एकड़ के प्लग-एंड-प्ले औद्योगिक क्लस्टर की परिकल्पना की गई है जो विश्व स्तरीय बुनियादी ढांचे और दूरसंचार और इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण, अनुसंधान और विकास, नवाचार और संबद्ध गतिविधियों के लिए एक एकीकृत पारिस्थितिकी तंत्र  उपलब्ध कराएगा। रणनीतिक गोलमेज सम्मेलन में भाग लेने वाले भागीदारों ने दूरसंचार विनिर्माण क्षेत्र (टीएमजेड) में निवेश, विनिर्माण और रोजगार के अवसरों पर विचार-विमर्श किया। इस रणनीतिक गोलमेज सम्मेलन ने भारत को एक दूरसंचार सेवा प्रदाता से परे वैश्विक दूरसंचार उत्पाद विनिर्माण और नवाचार केंद्र बनने की दिशा में ले जाने के सरकार के दृष्टिकोण को मजबूत किया। यह हाल ही में हस्ताक्षरित दूरसंचार विनिर्माण क्षेत्र (टीएमजेड) समझौता ज्ञापन को ठोस निवेश, विनिर्माण और रोजगार के अवसरों में बदलने की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम है।

दूरसंचार विनिर्माण क्षेत्र (टीएमजेड) ग्वालियर के बारे में

ग्वालियर में प्रस्तावित दूरसंचार विनिर्माण क्षेत्र (टीएमजेड) की परिकल्पना दूरसंचार विनिर्माण, अनुसंधान एवं विकास और नवाचार के लिए एक एकीकृत 170 एकड़ के प्लग-एंड-प्ले औद्योगिक क्लस्टर के रूप में की गई है। इसमें मोबाइल उपकरण, ऑप्टिकल फाइबर, दूरसंचार उपकरण और अगली पीढ़ी की 5जी/6जी प्रौद्योगिकियां शामिल हैं। हाल ही में हस्ताक्षरित एमओयू के तहत केंद्र सरकार पहले चरण के लिए 493 करोड़ रुपये की 100% फंडिंग सहायता प्रदान कर रही है, जबकि मध्य प्रदेश सरकार ने विभिन्न निवेशक प्रोत्साहनों के साथ लगभग 170 एकड़ भूमि नि:शुल्क प्रदान की है।

टीएमजेड को एक स्पेशल पर्पस व्हीकल (एसपीवी)  के जरिए स्थापित किया जाएगा, जिसमें मध्य प्रदेश सरकार की 51% और दूरसंचार विभाग की 49% हिस्सेदारी होगी।

अधिक जानकारी के लिए डीओटी हैंडल को फॉलो करेंः –

X – https://x.com/DoT_India

Insta-  https://www.instagram.com/department_of_telecom?igsh=MXUxbHFjd3llZTU0YQ==

Fb – https://www.facebook.com/DoTIndia

Youtube: https://youtube.com/@departmentoftelecom?si=DALnhYkt89U5jAaa

Comments

Comments (0)

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Translate »