जनजातीय कार्य राज्यमंत्री दुर्गादास उइके ने कहा कि 15 नवंबर 2023 को, माननीय प्रधानमंत्री ने प्रधानमंत्री जनजातीय आदिवासी न्याय महा अभियान (पीएम जनमन) का शुभारंभ किया। माननीय प्रधानमंत्री ने 2 अक्टूबर, 2024 को धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान (डीए जेजीयूए) का शुभारंभ किया। जनजातीय कार्य मंत्रालय ने राज्य सरकारों के अधिकारियों के लिए पीएम जनमन और डीए जेजीयूए सहित जनजातीय कार्य मंत्रालय की योजनाओं पर एक अभिविन्यास कार्यक्रम आयोजित किया है ताकि प्रस्तावों को तैयार करने और प्रगति को सुविधाजनक बनाया जा सके। वर्तमान वित्तीय वर्ष के दौरान, मंत्रालय ने डीए जेजीयूए के तहत, जनजातीय कार्य मंत्रालय घटकों के लिए पश्चिम बंगाल राज्य में 12574.70 लाख रुपये की राशि की परियोजनाओं को भी मंजूरी दी है।
उन्होंने बताया कि पश्चिम बंगाल राज्य में 03 पहचाने गए विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समूह (पीवीटीजी) अर्थात् बिरहोर, लोधा और टोटो हैं। पश्चिम बंगाल राज्य में पीवीटीजी आबादी के आंकड़ों और बुनियादी ढांचे की कमियों (अंतरो) का अनुमान लगाने के लिए पीएम गति शक्ति मोबाइल एप्लिकेशन के माध्यम से राज्य सरकार द्वारा किए गए आवास स्तर के डेटा संग्रह करने के कार्य के दौरान एकत्रित (कैप्चर) किए गए डेटा के आधार पर, पहचाने गए पीवीटीजी बस्तियों की संख्या (अनंतिम) और पीवीटीजी आबादी का विवरण निम्नानुसार सारणीबद्ध है:
| ज़िलों की संख्या | ब्लॉकों की संख्या | गांवों की संख्या | पीवीटीजी बस्तियों की संख्या | पीवीटीजी आवास | पीवीटीजी जनसंख्या |
| 4 | 24 | 428 | 495 | 19991 | 68720 |
अभियान के तहत कवर किए जाने वाले वास्तविक लाभार्थियों की संख्या स्वीकृत मानकों के अनुसार, संबंधित उपायों के विशिष्ट दिशानिर्देशों के पात्रता मानदंडों के अधीन है।
संबंधित मंत्रालयों/विभागों द्वारा प्रदान की गई जानकारी के आधार पर, पश्चिम बंगाल राज्य में (30.06.2026 तक) पीएम जनमन के तहत, उपायों की प्रगति का विवरण निम्नानुसार है:
| ग्रामीण विकास मंत्रालय (पीएमएवाई–जी) | ग्रामीण विकास मंत्रालय (पीएमजीएसवाई) | जल शक्ति मंत्रालय (जल जीवन मिशन) | स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय (एनआरएचएम) | महिला एवं बाल विकास मंत्रालय (पोषण 2.0) | शिक्षा मंत्रालय (सर्व शिक्षा अभियान) | |||||
| मकान स्वीकृत (आवास) | पूर्ण(आवास) | सड़क स्वीकृत (किमी. में) | पूर्ण (किमी. में) | स्वीकृत गांव | संतृप्त गांव | स्वीकृत एवं संचालित सचल चिकित्सा इकाई (एमएमयू) | स्वीकृत आंगनवाड़ी केंद्र (एडब्ल्यूसी) | संचालित आंगनवाड़ी केंद्र (एडब्ल्यूसी) | स्वीकृत (संख्या) | कार्य पूर्ण (संख्या) |
| – | – | – | – | 418 | 86 | 16 | – | – | – | – |
| विद्युत मंत्रालय (आरडीएसएस) | नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय (एमएनआरई) | संचार मंत्रालय (दूरसंचार विभाग–यूएसओएफ) | जनजातीय कार्य मंत्रालय | ||||||
| स्वीकृत आवास | विद्युतीकृत आवास | स्वीकृत आवास | विद्युतीकृत आवास | कवरेज हेतु नियोजित बस्तियां | कवर की गई बस्तियां | स्वीकृत बहुउद्देशीय केंद्र (एमपीसी) | पूर्ण बहुउद्देशीय केंद्र (एमपीसी) | स्वीकृत वन धन विकास केंद्र (वीडीवीके) | व्यवसाय प्रारंभ किया गया |
| 3372 | 3372 | – | – | 12 | 3 | – | – | 5 | 0 |
पिछले 03 वर्षों के दौरान, पीएम जनमन के तहत, पश्चिम बंगाल राज्य में वीडीवीके के लिए वित्तीय प्रगति का विवरण निम्नानुसार है:
(रुपये लाख में)
| वित्तीय वर्ष 2023-24 | वित्तीय वर्ष 2024-25 | वित्तीय वर्ष 2025-26 | |||
| स्वीकृत निधि | जारी की गई निधि | स्वीकृत निधि | जारी की गई निधि | स्वीकृत निधि | जारी की गई निधि |
| – | – | – | – | 13.9 | 6.95 |
राज्य सरकार ने जनजातीय कार्य मंत्रालय को एमपीसी के लिए कोई प्रस्ताव प्रस्तुत नहीं किया था। अन्य मंत्रालयों/विभागों द्वारा किए जाने वाले उपायों के लिए उपयोग की गई निधियों का रिकॉर्ड संबंधित मंत्रालयों/विभागों द्वारा रखा जाता है।
उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल राज्य द्वारा पीवीटीजी घरेलू सर्वेक्षण किया जा रहा है और राज्य सरकार ने 18173 पीवीटीजी परिवारों का सर्वेक्षण किया है। राज्य सरकार द्वारा एकत्रित (कैप्चर) किए गए डेटा की जांच की जानी आवश्यक है और योजनाओं के मानकों तथा पात्रता मानदंडों के संदर्भ में पहचानी गई कमियों (अंतरों) को दूर करने के लिए संबंधित विभागों के परामर्श से उचित कार्रवाई की जानी आवश्यक है।
यह जानकारी आज राज्यसभा में जनजातीय कार्य राज्यमंत्री दुर्गादास उइके ने एक प्रश्न के लिखित उत्तर में दी।
Comments (0)