LIVE

इरुला जनजातीय समुदाय के लिए आजीविका के अवसर

जनजातीय कार्य राज्यमंत्री दुर्गादास उइके ने कहा कि प्रधानमंत्री जनजाति आदिवासी न्याय महा अभियान (पीएम-जनमन) के माध्यम से सरकार तमिलनाडु में इरुला जनजातीय समुदाय सहित विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समूहों (पीवीटीजी) के लिए स्थायी आजीविका के अवसरों को बढ़ावा देती है। इस योजना के तहत, ट्राइफेड ने कुल 120.15 लाख रुपये की कुल स्वीकृत राशि के साथ जिसमें से 60.08 लाख रुपये जारी किए गए हैं, 2,403 लाभार्थियों को जोड़ते हुए तमिलनाडु के 7 जिलों-तिरुपथुर, चेंगलपट्टू, नमक्कल, अरियालुर, द नीलगिरी, तिरुवन्नमलाई और कोयंबटूर में 37 वन धन विकास केंद्रों (वीडीवीके) को मंजूरी दी है। इनमें से 34 वीडीवीके इरुला जनजातीय समुदाय से संबंधित 2,135 लाभार्थियों को कवर करते हैं (जिले-वार विवरण अनुलग्नकI में)। ये वीडीवीके इरुला समुदाय द्वारा संग्रहित स्थानीय स्तर पर उपलब्ध लघु वन उपज (एमएफपी) के मूल्यवर्धन और विपणन में सहायता करते हैं -जिसमें जंगली शहद, मसाले, काजू, झाड़ू, जड़ी-बूटियां, इमली और रीठा (सोप नट) शामिल हैं-, जिसे स्थानीय बाजारों, मेलों और प्रदर्शनियों के माध्यम से बेचा जाता है। इरुला लाभार्थियों ने 75.89 लाख रुपये के मूल्य संवर्धित उत्पाद बेचे हैं।

इरुला जनजातीय समुदाय के लिए आजीविका के अवसर’ के संबंध में 05.08.2026 को उत्तर के लिए राज्यसभा अतारांकित प्रश्न संख्या 2058 के भाग (से () के उत्तर में संदर्भित अनुलग्नकI

पीएमजनमन के तहत तमिलनाडु जिलेवार इरुला जनजातीय समुदाय का विवरण

क्र. सं.जिलाजनजातिस्वीकृत वीडीवी के की संख्यालाभार्थियों की संख्यास्वीकृत निधि (लाख रुपये में)जारी निधि (लाख रुपये में)मूल्यवर्धन के लिए चुना गया उत्पाद बिक्री (लाख रुपये में)
1तिरुपथुरइरुला21346.703.35शहद और इमली0.29
2चेंगलपट्टूइरुला21075.352.67जड़ी-बूटियां1.46
3नीलगिरीइरुला336018.009.00शहद और मसाले61.79
4नमक्कलइरुला424012.006.00ताड़ के पत्ते0.36
5अरियालूरइरुला526113.056.53कच्चा काजू11.31
6तिरुवन्नामलाईइरुला844922.4511.22शहद, जंगली रतालू और इमली0.21
7कोयंबटूरइरुला1058429.2014.60झाड़ू की सींक, शहद, रीठा और इमली0.47
कुल  342,135106.7553.375 75.89
         

यह जानकारी आज राज्यसभा में जनजातीय कार्य राज्यमंत्री दुर्गादास उइके ने एक प्रश्न के लिखित उत्तर में दी।

Comments

Comments (0)

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Translate »