स्वच्छता को संस्थागत रूप देने, लंबित मामलों को सुलझाने और ‘कचरे से धन’ तथा ई-कचरा प्रबंधन को गति देने पर ध्यान केंद्रित किया गया
सार्वजनिक क्षेत्र के कोयला उपक्रमों में 1,500 से अधिक सफाई स्थलों की पहचान की गई; लगभग 60,000 फाइलों की समीक्षा का लक्ष्य रखा गया
केंद्रीय कोयला एवं खान मंत्री श्री जी. किशन रेड्डी ने कोयला मंत्रालय के सचिव, सीआईएल के अध्यक्ष, सीएमडी और सहायक कंपनियों के अन्य वरिष्ठ अधिकारियों के साथ मिलकर कोयला इंडिया लिमिटेड (सीआईएल) के विशेष अभियान 6 की प्रगति और तैयारियों की समीक्षा की। इस अभियान का उद्देश्य स्वच्छता को संस्थागत रूप देना और लंबित मामलों का निपटारा करना है। इसमें ‘अपशिष्ट से धन’ और ‘ई-अपशिष्ट प्रबंधन’ पर विशेष बल दिया गया है।




मुख्य बातें और तैयारी सम्बंधी पहलें
स्वच्छता जागरूकता को बढ़ावा देना: साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (एसईसीएल)
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| बिलासपुर के वसंत विहार में स्वच्छता जागरूकता पदयात्रा का आयोजन किया गया। इसमें बच्चों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और स्वच्छता तथा पर्यावरण जागरूकता का संदेश फैलाया। | बिलासपुर स्थित एसईसीएल मुख्यालय परिसर में “हमारी दहलीज, हमारा कचरा” विषय पर नुक्कड़ नाटक का आयोजन किया गया। इस नुक्कड़ नाटक के माध्यम से स्वच्छता का महत्व, कचरे का उचित निपटान और अपने परिवेश में स्वच्छ एवं स्वस्थ वातावरण बनाए रखने की व्यक्तिगत जिम्मेदारी को प्रभावी और आकर्षक ढंग से प्रस्तुत किया गया। |
सफाई के लिए स्थलों की पहचान: कोयला मंत्रालय ने कोल इंडिया लिमिटेड और सभी सार्वजनिक क्षेत्र के कोयला उपक्रमों के साथ मिलकर विशेष अभियान-6 के तहत सफाई के लिए 1,565 स्थलों की पहचान की है। यह अभियान 2 अक्टूबर से 31 अक्टूबर तक चलाया जाएगा।


फाइल प्रबंधन: परिचालन दक्षता में सुधार लाने और अभिलेखों की त्वरित पुनर्प्राप्ति सुनिश्चित करने के लिए 19,499 फाइलों और 40,094 ई-फाइलों की पहचान समीक्षा के लिए की गई है।
सरकार के कुशल शासन और पारदर्शिता के दृष्टिकोण को सुदृढ़ करते हुए, कोयला मंत्रालय विशेष अभियान-6 के तहत निर्धारित समयसीमा के भीतर सभी लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए पूरी तरह से तैयार है।


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